UPSC और JEE जैसी क्यों नहीं कराते NEET UG परीक्षा? संसदीय समिति ने एनटीए से किए सवाल

नई दिल्ली। नीट-यूजी की दोबारा परीक्षा को सफलतापूर्वक कराने एवं उससे मिली प्रमुख सीख को संसदीय समिति के साथ साझा करते हुए नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने यह साफ किया है कि अगले साल से नीट-यूजी की परीक्षा को वह सीबीटी (कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट) मोड में कराएगी। इसकी तैयारी शुरू भी कर दी गई है।

हालांकि, इस दौरान समिति के सदस्यों ने सवाल किया कि नीट-यूजी की परीक्षा को भी यूपीएससी और जेईई जैसे कई चरणों में क्यों नहीं कराते।

इस पर एनटीए ने परीक्षा से जुड़े बदलावों पर चल रही चर्चा की जानकारी दी। कहा कि वह अगली बैठक में बता सकते हैं कि परीक्षा में क्या बदलाव करने जा रहे हैं।

कांग्रेस सांसद मुकुल वासनिक हैं संसदीय समिति के अध्यक्ष
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता व राज्यसभा सदस्य मुकुल वासनिक की अध्यक्षता वाली शिक्षा, महिला व बाल विकास से जुड़ी संसदीय समिति के सामने एनटीए ने 21 जून को नीट-यूजी की दोबारा परीक्षा से मिली सीख को लेकर एक प्रस्तुति दी। खास बात यह है कि समिति ने ही एनटीए से इस मामले पर जानकारी देने के लिए कहा था।

Related Articles

Back to top button