अमेरिका में अंतरराष्ट्रीय छात्रों की वीजा जांच हुई सख्त, सोशल मीडिया जांच पर जोर
नई दिल्ली। अमेरिका में पढ़ाई करने की योजना बना रहे अंतरराष्ट्रीय छात्रों के लिए वीजा प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक सख्त जांच वाली हो गई है। अमेरिकी विदेश विभाग ने एफ, एम और जे श्रेणी के वीजा आवेदकों की जांच प्रक्रिया में ऑनलाइन गतिविधियों की समीक्षा को शामिल किया है। अधिकारियों के अनुसार, वीजा आवेदन की जांच के दौरान उपलब्ध ऑनलाइन जानकारी का इस्तेमाल आवेदक की पात्रता और सुरक्षा संबंधी पहलुओं का आकलन करने के लिए किया जा सकता है।
अमेरिकी सरकार के अनुसार, एफ वीजा विश्वविद्यालय और अन्य शैक्षणिक संस्थानों में पढ़ाई करने वाले छात्रों के लिए होता है, जबकि एम वीजा व्यावसायिक या गैर-शैक्षणिक प्रशिक्षण से जुड़े विद्यार्थियों के लिए है। जे वीजा विनिमय कार्यक्रमों में शामिल लोगों के लिए इस्तेमाल किया जाता है। अमेरिका जाने वाले छात्रों को अपने पाठ्यक्रम और संस्थान के अनुसार उचित वीजा प्राप्त करना आवश्यक है।
नई जांच व्यवस्था के तहत छात्र वीजा आवेदकों की ऑनलाइन उपस्थिति को भी समीक्षा का हिस्सा बनाया गया है। अमेरिकी विदेश विभाग ने संबंधित आवेदकों को अपने सामाजिक माध्यम खातों की गोपनीयता व्यवस्था सार्वजनिक या खुली रखने का निर्देश दिया है, ताकि जांच अधिकारी उपलब्ध जानकारी की समीक्षा कर सकें।
इसके अलावा अमेरिका ने कुछ देशों के नागरिकों के लिए एफ, एम और जे वीजा जारी करने तथा प्रवेश पर अलग-अलग स्तर के प्रतिबंध भी लगाए हैं। हालांकि, ये प्रतिबंध सभी देशों के छात्रों पर लागू नहीं हैं और अलग-अलग देशों के लिए नियम अलग हो सकते हैं।
अमेरिका में पढ़ाई की तैयारी कर रहे भारतीय छात्रों के लिए यह जरूरी है कि वे आवेदन से पहले अमेरिकी दूतावास और विदेश विभाग की आधिकारिक जानकारी जरूर जांचें। वीजा साक्षात्कार, दस्तावेज, शुल्क और जांच प्रक्रिया से संबंधित आवश्यकताओं में बदलाव की स्थिति में आधिकारिक निर्देशों का पालन करना महत्वपूर्ण होगा।




