Crime: अलवर जिले में थाना खेरली पुलिस की बड़ी कार्रवाई 1.30 करोड़ रुपये कीमत के माल की चोरी का खुलासा
Major action by Kherli police station in Alwar district, theft of goods worth Rs 1.30 crore exposed
जयपुर/अलवर 20 सितम्बर। जिले की खेरली थाना पुलिस टीम ने कम्पनी से ट्रक में भरे माल को खुर्द बुर्द करने वाले अन्तर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश कर गिरोह के एक सदस्य आरिफ खान पुत्र जान मोहम्मद (34) निवासी सुखपुरी थाना नगीना जिला नूंह मेवात हरियाणा को गिरफ्तार कर चोरी के माल में से 50.80 लाख रुपए का माल बरामद करने में सफलता प्राप्त की है। एसपी आनन्द शर्मा ने बताया कि घटना के सम्बन्ध में बिग स्टॉक लॉजिस्टिक प्राइवेट लिमिटेड कम्पनी के मैनेजर ने रिपोर्ट दी कि चालक अलीम खान डेमकानी 04 सितम्बर को कोट्टई होसुर तमिलनाडु मदर डेयरी फ्रूट वेजिटेबल प्राइवेट लिमिटेड एवं एसकेए डेयरी तमिलनाडु से उनकी कम्पनी का ट्रक लेकर हापुड़ यू-पी मदर डेयरी मिल्क प्लांट के लिए रवाना हुआ था। ट्रक में 1480 बोरियां व थैलियां थी, जिन्हें कोई अज्ञात व्यक्ति चुरा ले गया अथवा लूट ले गया।
सम्पूर्ण माल की कीमत 1 करोड़ 29 लाख 72 हजार 830 रुपए है। रिपोर्ट पर खेरली थाने में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। वारदात के खुलासे व आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए एसपी शर्मा द्वारा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. प्रियंका व सीओ जोगेंद्र सिंह के सुपरविजन में तथा थानाधिकारी महावीर प्रसाद के नेतृत्व में गठित टीम ने तकनीकी सहायता व आसूचना संकलन के आधार पर वारदात का खुलासा कर आरोपी आरिफ खान को गिरफ्तार कर चोरी का 50.80 लाख रुपए का माल बरामद किया। मामले में गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के बाद पुलिस ने वारदात में शामिल अन्य आरोपियों अलीम मेव निवासी थाना जुरहरा जिला डीग, सद्दाम मेव निवासी थाना तावडू जिला नुहू मेवात, साजिद मेव व मुबारिक मेव निवासी थाना पहाड़ी जिला डीग तथा शैलेष मराठी के नाम बताए हैं, जिनकी तलाश की जा रही है। ट्रक चालक अलीम मेव के खिलाफ विभिन्न थानों में चोरी, लूट व डकैती के एक दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं। एसपी शर्मा ने बताया कि इस अंतरराज्यीय गिरोह के सदस्य विभिन्न कंपनियों में कार्यरत ट्रक चालक हैं जो कंपनी से ट्रक में माल लोड कर रास्ते में उसे नष्ट कर देते हैं तथा खाली ट्रक को वारदात स्थल से करीब 400-500 किलोमीटर दूर लावारिस छोड़ देते हैं, ताकि वारदात का खुलासा न हो सके। मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी में कांस्टेबल प्रधान की अहम भूमिका रही है।




