यमुना में रेत माफियाओं की अब खैर नहीं, मास्टरमाइंड को पकड़ने के लिए लोकल इंटेलिजेंस और बीट स्टाफ तैनात
नई दिल्ली। यमुना में रेत खनन की याचिका पर उत्तरी जिलाधिकारी ने नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) में ताजा हलफनामा दाखिल करके कहा है कि रेत खनन करने वाले गिरोहोें और इसके पीछे के मास्टरमाइंड की पहचान करने के लिए बीट स्टाफ से लेकर लोकल इंस्टेलिजेंस की तैनाती की गई है।

उत्तरी जिलाधिकारी ने हलफनामा में कहा गया है कि तैनात किए गए स्टाफ से कोई भी जानकारी मिलने पर इसे सत्यापित किया जाएगा और इसकी जानकारी टास्क फोर्स या वरिष्ठ अधिकारियों को दी जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि इस संबंध में अतिरिक्त उपायुक्त बुराड़ी ने चार मई को एक पत्राचार भी किया है।
हलफनामा में उत्तरी जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि यमुना में किसी भी गिरोह व अवैध तरीके से खनन करने की अनुमति नहीं दी जाएगी और इसके खिलाफ सभी से समन्वय करके कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उत्तरी जिलाधिकारी ने उक्त हलफनामा एनजीटी के पूर्व आदेश पर दाखिल किया है।




