सितंबर के अंतिम कारोबारी दिन शेयर बाजार पर निवेशकों की नजर
नई दिल्ली: सितंबर महीने के अंतिम कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार में निवेशकों की नजर घरेलू और वैश्विक संकेतकों पर बनी हुई है। पिछले कारोबारी सत्र में सेंसेक्स और निफ्टी लगातार दूसरे दिन गिरावट के साथ बंद हुए थे। 29 सितंबर को निफ्टी लगभग 22,700 के स्तर पर बंद हुआ, जबकि सेंसेक्स में भी गिरावट दर्ज की गई।
30 सितंबर को बाजार की शुरुआत अपेक्षाकृत स्थिर रही। सुबह करीब 9:20 बजे निफ्टी 50 में मामूली गिरावट और सेंसेक्स में हल्की बढ़त दर्ज की गई। विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली बाजार के लिए महत्वपूर्ण कारक बनी हुई है। मंगलवार को विदेशी निवेशकों ने करीब 9,980 करोड़ रुपये के शेयरों की शुद्ध बिक्री की। सितंबर में अब तक विदेशी निवेशकों की बिकवाली करीब 2.7 अरब डॉलर बताई गई है।
बाजार पर कच्चे तेल की कीमतों और वैश्विक बांड प्रतिफल का भी असर दिखाई दे रहा है। ब्रेंट कच्चा तेल 103 डॉलर प्रति बैरल के आसपास पहुंचा है, जबकि अमेरिकी दस वर्षीय बांड का प्रतिफल भी ऊंचे स्तर पर बना हुआ है। इन परिस्थितियों के कारण निवेशक वैश्विक आर्थिक और भू-राजनीतिक घटनाक्रम पर नजर रख रहे हैं।
आज निफ्टी 50 में महत्वपूर्ण बदलाव भी प्रभावी हो रहा है। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का शेयर निफ्टी 50 में शामिल हो रहा है, जबकि विप्रो इस प्रमुख सूचकांक से बाहर हो रही है। इस बदलाव के कारण दोनों कंपनियों के शेयरों में कारोबार और निवेश गतिविधियों पर विशेष नजर है।
इसके अलावा टाटा स्टील, केएसबी, पावर मेक प्रोजेक्ट्स, कैपिटल इंडिया फाइनेंस और कई अन्य कंपनियां अपने कारोबारी घटनाक्रम के कारण निवेशकों के रडार पर हैं।
सितंबर के अंतिम कारोबारी दिन बाजार की दिशा विदेशी निवेश, कच्चे तेल की कीमतों, वैश्विक बाजारों और कंपनियों से जुड़ी खबरों से प्रभावित हो सकती है।




