Business: केईआई इंडस्ट्रीज़ ने ‘सुरक्षा ज्योति’ किया लॉन्च
KEI Industries launches ‘Suraksha Jyoti’
केईआई इंडस्ट्रीज ने देशभर में बिजली कर्मियों की सुरक्षा और आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाने के उद्देश्य से ज्योति सीरीज के तहत अपना सीएसआर अभियान ‘सुरक्षा ज्योति’ शुरू किया है। कंपनी ने आज यहां जारी बयान में बताया कि इस अभियान के तहत बिजली कर्मियों को ई-श्रम कार्ड दिए जाएंगे, जिसके जरिए वे दुर्घटना बीमा और सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठा सकेंगे। इस अभियान के तहत ई-श्रम कार्ड के जरिए पेंशन लाभ की मदद से दीर्घकालिक वित्तीय सुरक्षा पर भी प्रकाश डाला गया है, जिससे बिजली कर्मियों और उनके परिवारों को सुरक्षा मिलेगी। कंपनी के सीएसआर फाउंडेशन की मुख्य संरक्षक और कंपनी की निदेशक अर्चना गुप्ता ने सभी बिजली कर्मियों को संबोधित करते हुए उन्हें अपना परिवार बताया और उनके परिवारों की सुरक्षा, बच्चों की शिक्षा, आर्थिक कल्याण और सुरक्षा की जरूरत पर जोर दिया। इस संकल्प को मजबूत करने के लिए उन्होंने ‘सुरक्षित हाथों में उज्ज्वल भविष्य’ का नारा दिया। श्रीमती गुप्ता ने कहा, “केईआई में, ‘ज्योति’ श्रृंखला के तहत हमारे सीएसआर अभियान मानव विकास के विभिन्न पहलुओं को कवर करते हैं, जिसमें स्वास्थ्य सेवा, भूख, गरीबी उन्मूलन, शिक्षा, पर्यावरणीय स्थिरता और खेल को बढ़ावा देना शामिल है। हम न केवल घरों को सशक्त बनाते हैं, बल्कि उन्हें बनाने वालों के जीवन को भी सशक्त बनाते हैं। हमारे ‘सुरक्षा’ ज्योति अभियान के माध्यम से, हम बिजली कर्मचारियों के भविष्य को सुरक्षित करने और उनकी वित्तीय और सामाजिक भलाई का समर्थन करने के लिए समर्पित हैं। हम सभी को एक खुशहाल, समृद्ध और आनंदमय दिवाली की शुभकामनाएं देते हैं।” इस अभियान के माध्यम से, केईआई इंडस्ट्रीज का उद्देश्य ई-श्रम कार्ड के लिए पंजीकरण करके बिजली कर्मचारियों का समर्थन करना है ताकि उन्हें वित्तीय सुरक्षा मिल सके। मुख्य लाभों में कार्यस्थल पर आकस्मिक मृत्यु के मामले में 2 लाख रुपये तक का बीमा कवरेज, काम करते समय दुर्घटना के कारण आंशिक विकलांगता के लिए 1 लाख रुपये का बीमा कवरेज और 60 वर्ष की आयु प्राप्त करने पर 3,000 रुपये प्रति माह पेंशन शामिल है। लाभार्थी की मृत्यु के मामले में, ये लाभ उसकी पत्नी को दिए जाएंगे। केईआई इन सरकारी योजनाओं का लाभ बिजली कर्मचारियों को दिलाने में सक्रिय भूमिका निभा रहा है ताकि वे अपना और अपने परिवार का भविष्य सुरक्षित कर सकें।




