भारत में मजबूत मांग से एप्पल की वैश्विक वृद्धि को मिली रफ्तार, कंपनी ने भारतीय बाजार की सराहना की
प्रौद्योगिकी क्षेत्र की दिग्गज कंपनी Apple ने भारत में अपने उत्पादों की लगातार बढ़ती मांग को अपनी वैश्विक वृद्धि का प्रमुख आधार बताया है। कंपनी के ताज़ा तिमाही नतीजों और प्रबंधन के बयान के अनुसार, भारतीय बाजार में आईफोन, मैक, आईपैड और अन्य उत्पादों की मजबूत बिक्री ने कंपनी के राजस्व और विस्तार को नई गति दी है। भारत उन चुनिंदा देशों में शामिल हो गया है, जहां एप्पल ने रिकॉर्ड स्तर की वृद्धि दर्ज की है।
कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी टिम कुक ने कहा कि भारत दुनिया के सबसे तेज़ी से बढ़ते स्मार्टफोन बाजारों में से एक है और यहां प्रीमियम श्रेणी के उपकरणों की मांग लगातार बढ़ रही है। उन्होंने बताया कि भारतीय उपभोक्ताओं का भरोसा, मजबूत आर्थिक गतिविधियां और डिजिटल सेवाओं का तेजी से विस्तार एप्पल के लिए नए अवसर पैदा कर रहे हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि पिछले कुछ वर्षों में एप्पल ने भारत में अपनी रणनीति को काफी मजबूत किया है। कंपनी ने देश में अपने आधिकारिक खुदरा स्टोर शुरू किए हैं, स्थानीय विनिर्माण का दायरा बढ़ाया है और कई आईफोन मॉडलों का उत्पादन भारत में शुरू किया है। इससे न केवल घरेलू बाजार में उपलब्धता बेहतर हुई है, बल्कि भारत से अन्य देशों को निर्यात भी बढ़ा है।
विश्लेषकों के अनुसार, भारत में प्रीमियम स्मार्टफोन की बढ़ती मांग, आसान वित्तीय योजनाएं, ऑनलाइन बिक्री और युवा उपभोक्ताओं की बढ़ती क्रय क्षमता ने एप्पल की सफलता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इसके साथ ही सरकार की “मेक इन इंडिया” और उत्पादन आधारित प्रोत्साहन (पीएलआई) जैसी योजनाओं ने भी वैश्विक कंपनियों को भारत में निवेश बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित किया है।
उद्योग विशेषज्ञों का कहना है कि यदि यही रुझान जारी रहा तो आने वाले वर्षों में भारत एप्पल के सबसे बड़े और रणनीतिक बाजारों में शामिल हो सकता है। कंपनी की बढ़ती मौजूदगी से देश में रोजगार, विनिर्माण, आपूर्ति श्रृंखला और प्रौद्योगिकी निवेश को भी नया बल मिलने की उम्मीद है। भारत में बढ़ती मांग ने यह स्पष्ट कर दिया है कि वैश्विक तकनीकी कंपनियों के लिए भारतीय बाजार अब केवल एक उभरता हुआ बाजार नहीं, बल्कि दीर्घकालिक विकास का प्रमुख केंद्र बन चुका है।




