देशभर में पूर्णिमा व्रत श्रद्धा और धार्मिक उत्साह के साथ मनाया जा रहा है
देशभर में आज पूर्णिमा का पावन पर्व श्रद्धा, आस्था और धार्मिक उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। सुबह से ही मंदिरों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली, जहां लोगों ने स्नान, पूजा-अर्चना और भगवान विष्णु, माता लक्ष्मी तथा भगवान शिव की विशेष आराधना की। कई श्रद्धालुओं ने दिनभर का व्रत रखकर अपने परिवार की सुख-समृद्धि, स्वास्थ्य और शांति की कामना की। पूर्णिमा तिथि को सनातन धर्म में अत्यंत शुभ माना जाता है और इस दिन किए गए दान-पुण्य, जप-तप तथा धार्मिक अनुष्ठानों का विशेष महत्व बताया गया है।
देश के प्रमुख तीर्थस्थलों और नदी घाटों पर भी सुबह से श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। लोगों ने गंगा, यमुना, नर्मदा, गोदावरी और अन्य पवित्र नदियों में स्नान कर पूजा-अर्चना की। कई स्थानों पर भजन-कीर्तन, सत्संग, हवन और सामूहिक धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। मंदिरों को आकर्षक ढंग से सजाया गया और भक्तों ने प्रसाद अर्पित कर परिवार की खुशहाली की प्रार्थना की।
ज्योतिषाचार्यों के अनुसार पूर्णिमा का दिन आध्यात्मिक साधना, ध्यान और दान-पुण्य के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। इस दिन गरीबों और जरूरतमंदों को भोजन, वस्त्र और अन्य आवश्यक सामग्री का दान करने की भी परंपरा है। मान्यता है कि पूर्णिमा के दिन किए गए शुभ कार्यों से सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त होती है और जीवन में सुख-समृद्धि का वास होता है।
प्रशासन ने प्रमुख मंदिरों और धार्मिक स्थलों पर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए चिकित्सा एवं पेयजल जैसी आवश्यक व्यवस्थाएं भी की गई हैं। धार्मिक संगठनों ने लोगों से शांति, स्वच्छता और अनुशासन बनाए रखते हुए पर्व मनाने की अपील की है। आस्था और भक्ति से परिपूर्ण इस अवसर पर देशभर में धार्मिक वातावरण देखने को मिल रहा है और श्रद्धालु पूरे उत्साह के साथ पूर्णिमा व्रत एवं पूजा-अर्चना में भाग ले रहे हैं।



