पढ़िए जीबी रोड का रोंगटे खड़े कर देने वाला सच

कमला मार्केट थाना पुलिस ने महिला से जबरन देह व्यापार करवाने वाली कोठा संचालिका को गिरफ्तार किया है। असम से लाकर 23 वर्षीय महिला को एक महीने से जीबी रोड पर देह व्यापार करवाया जा रहा था। इसी बीच पीड़िता ने किसी तरह कोठे से भागकर घटना की जानकारी दिल्ली महिला आयोग को दी। महिला आयोग की पहल पर पुलिस ने कोठे पर छापा मारकर कोठा संचालिका महिमा को गिरफ्तार कर लिया है। अन्य आरोपितों की तलाश की जा रही है।

मध्य जिला के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि पीड़िता मूल रूप से असम की रहने वाली है। पति की मौत के बाद उसने एक व्यक्ति से दूसरी शादी कर ली। उसके दूसरे पति का दोस्त दीपक एक बड़ी कंपनी में नौकरी दिलाने का झांसा देकर एक महीने पहले उसे लेकर दिल्ली आ गया। महिला के साथ उसकी सात वर्ष की एक बच्ची भी है।

दिल्ली में दीपक ने पीड़िता को फराह नाम की एक महिला को बेच दिया। फराह ने महिला की बेटी को अपने पास रख लिया और एक होटल में काम दिलाने की बात कह पीड़िता को जीबी रोड स्थित कोठा संख्या-40 पर ले गई। वहां उससे जबरन देह व्यापार करवाया जाने लगा।

घिनौने काम करने से मना करने पर कोठा मालकिन महिमा उसके पति को मार डालने धमकी देती थी। इसी बीच मौका पाकर पीड़िता ने मंगलवार को कोठे से भाग दिल्ली महिला आयोग में अपनी आपबीती सुनाई।

दिल्ली महिला आयोग की सूचना पर कमला मार्केट थाना एसएचओ सुनील ढाका व अन्य पुलिसकर्मियों की टीम ने बुधवार आधी रात कोठे पर छापा मारा और महिमा को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस पीड़ित को उसकी बच्ची से मिलवाकर अब आरोपित फराह और दीपक की गिरफ्तारी के लिए जानकारी जुटा रही है।

यहां पर बता दें कि तकरीबन दो साल पहले दिल्‍ली में देह व्‍यापार की मंडी जीबी रोड का एक और सच सामने आया था। तब पुलिस कार्रवाई के दौरान यहां देह व्‍यापार में लिप्‍त युवतियाें को तहखाने में छिपाया गया था। इसका खुलासा दिल्‍ली महिला आयोग नेे किया था।

तब दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल का कहना था कि पुलिस एवं नगर निगम ने कोठा मालिकों के बारे में भी जानकारी नहीं दी है। यहां रोजाना पांच करोड़ रुपये का कारोबार होता है और लड़कियों की बोली लगती है।

बता दें कि कभी शादी के चक्कर में तो कभी अच्छी जॉब, बढ़िया भविष्य तो कभी ताजमहल दिखाने के वादे पर ये लड़कियां यहां लाई जाती हैँ। लड़कियों को फंसाने के लिए गांव-देहात की सबसे जवान लड़की को फोकस में लिया जाता है।

गौरतलब है कि आयोग की अध्यक्ष कुछ सालों से जीबी रोड में चल रहे कोठों को लेकर सक्रिय हैं। दो साल पहले  स्वाति ने प्रेसवार्ता कर कहा था कि संसद से महज तीन किलो मीटर की दूरी पर चल रहे इन कोठों में महिलाओं के साथ दुष्कर्म होता है, लेकिन मामले का संज्ञान नहीं लिया जा रहा है।

जानकारों के मुताबिक, देह व्यापार का यहां सबसे बड़ा कारोबार होता है, और यहां नेपाल और बांग्लादेश से बड़ी संख्या में लड़कियों की तस्करी करके यहां के कोठों पर लाया जाता है। वर्तमान में एक ही कमरे में कई केबिन बनें हैं जहां एक साथ कई ग्राहकों को सेवा दी जाती है।

यहां हर रोज देश के कोने-कोने से लड़कियां लाई जाती हैं। ज्यादातर को इस धंधे में जबरन डाला जाता है। हर रोज यहां महिलाओं की कितनी तस्करी होती है, इसका कोई आंकड़ा नहीं है। पर यकीनन यह आंकड़ा बहुत ज्यादा है।